"चौराहा" का तत्सम है—
Step 1: परिभाषा.
तत्सम = संस्कृत से यथावत् लिया गया रूप।
Step 2: रूप-सम्बन्ध.
'चौराहा' (चार दिशाओं का मिलन-बिंदु) का संस्कृत तत्सम रूप चतुष्पथ (चतु{=चार}+पथ{=मार्ग}) है।
Step 3: अन्य विकल्प.
(1) चतुर्द्व — मान्य/प्रचलित तत्सम रूप नहीं।
(3) तिराहा — तीन मार्गों का मिलन-बिंदु; अर्थ भिन्न।
(4) इनमें से कोई नहीं — आवश्यक नहीं क्योंकि (2) सही है।
'कंकाल' किस विधा की रचना है?
'वैशाली में वसन्त' किसका नाटक है?
जयशंकर प्रसाद किस युग के लेखक हैं?
ऐतिहासिक उपन्यासकार है—
शुक्लोत्तर-युग की समयावधि है—
'बादल' का पर्याय है—
'कृतज्ञ' (स्कैन में 'कृतञ्ज/कूटज' सा अस्पष्ट) का विलोम है—
'कर्ण' का तद्भव है—
जो ईश्वर में विश्वास न रखता हो, उसे कहते हैं—
'पुरोहित' का संधि-विच्छेद है—