'फलेन' शब्द का वचन एवं विभक्ति है :
Step 1: Identify ending.
संस्कृत-रूप '-ेन' प्रत्यय तृतीया एकवचन (करण/साधन कारक) का चिह्न है—जैसे "फलेन" = "फल से / फल द्वारा"。
Step 2: Conclude.
अतः वचन = एकवचन, विभक्ति = तृतीया।
'रस मीमांसा' के लेखक हैं
'तितली' कृति की विधा है :
डॉ॰ राजेन्द्र प्रसाद लेखक हैं :
'साहित्य और कला' रचना है :
शुक्लोत्तर - युग के लेखक हैं :
'अपठम्' धातु का वचन एवं पुरुष है :
'नद्या:' शब्द का वचन और विभक्ति है:
'हसिष्यथः' धातु का वचन एवं पुरुष है:
'फलात्' शब्द की विभक्ति एवं वचन हैं :
'हसति' शब्द का पुरुष एवं वचन है :