Question:

‘कविता-लेखन’ के संबंध में कौन-से दो मत मिलते हैं? आप स्वयं को किस मत का समर्थक मानते हैं और क्यों?

Show Hint

कविता का विश्लेषण करते समय उसकी रचना-प्रक्रिया को भी समझना ज़रूरी है—केवल भावों पर नहीं, शिल्प पर भी ध्यान दें।
Updated On: Jan 14, 2026
Show Solution
collegedunia
Verified By Collegedunia

Solution and Explanation

कविता-लेखन को लेकर दो प्रमुख मत प्रचलित हैं: पहला मत यह मानता है कि कविता एक स्वाभाविक, सहज प्रक्रिया है। यह भावों की तीव्रता में स्वतः फूट पड़ती है और कवि इसमें किसी पूर्व योजना के बिना मन की अनुभूति को शब्द देता है। दूसरा मत यह कहता है कि कविता केवल भावनाओं का विस्फोट नहीं, बल्कि बौद्धिक अनुशासन और कलात्मक कौशल से सजी एक रचना है। इसमें विषय, शिल्प, प्रतीक, और शैली पर सजग नियंत्रण होता है।
मैं दूसरे मत का समर्थक हूँ क्योंकि एक प्रभावशाली कविता केवल भाव नहीं, संरचना और सुसंगतता भी माँगती है। केवल भावना नहीं, उसका उपयुक्त प्रस्तुतीकरण भी आवश्यक है जिससे वह पाठकों के हृदय में स्थायी स्थान बना सके।
Was this answer helpful?
0
0

Top CBSE CLASS XII Hindi Elective Questions

View More Questions

Top CBSE CLASS XII लेखन Questions

View More Questions