"यह सम मात्रिक छंद है। इसमें चार चरण होते हैं और प्रत्येक चरण में 24 मात्राएँ होती हैं। 11 और 13 मात्राओं पर यति होती है।" यह लक्षण किस छंद का है?
Step 1: छंद की विशेषता.
रोला छंद एक सम मात्रिक छंद है, जिसमें प्रत्येक चरण में 24 मात्राएँ होती हैं। इसमें यति 11 और 13 मात्राओं पर होती है।
Step 2: विकल्पों का विश्लेषण.
(A) रोला: सही, इसमें ठीक वही लक्षण पाए जाते हैं।
(B) दोहा: गलत, दोहा में 13-11 मात्राओं का नियम है।
(C) सोरठा: गलत, सोरठा दोहे के विपरीत मात्राओं का विन्यास है।
(D) बरवै: गलत, बरवै का मात्रिक विन्यास अलग होता है।
Step 3: निष्कर्ष.
सही उत्तर है (A) रोला।
'रस मीमांसा' के लेखक हैं
'तितली' कृति की विधा है :
डॉ॰ राजेन्द्र प्रसाद लेखक हैं :
'साहित्य और कला' रचना है :
शुक्लोत्तर - युग के लेखक हैं :