'कविश्रेष्ठ' शब्द एक तत्पुरुष समास है, जिसमें 'कवि' और 'श्रेष्ठ' दो शब्दों का संयोजन है। तत्पुरुष समास में दोनों शब्दों का मिलकर एक नया अर्थ उत्पन्न होता है, जो विशेषण के रूप में कार्य करता है।
तत्पुरुष समास वह समास है, जिसमें दोनों घटक शब्दों में से पहला शब्द किसी विशेषण का कार्य करता है और दूसरा शब्द उसके द्वारा विशेषित होता है। 'कविश्रेष्ठ' शब्द में 'कवि' (जिसका अर्थ है कवि) और 'श्रेष्ठ' (जिसका अर्थ है श्रेष्ठ या उच्च) का संयोजन है, और यह एक व्यक्ति को 'श्रेष्ठ कवि' के रूप में दर्शाता है। इस प्रकार, 'कविश्रेष्ठ' शब्द एक विशेषण है, जो कवि के उत्कृष्टता या उच्चतम स्थिति को व्यक्त करता है।