एक अम्लीय माध्यम में, \(0.25M\) ऑक्सैलिक अम्ल के \(10mL\) का \(KMnO_4\) विलयन के साथ अनुमापन किया जाता है। यदि अंत बिंदु तक पहुँचने के लिए आवश्यक \(KMnO_4\) विलयन का आयतन \(10mL\) है, तो \(KMnO_4\) विलयन की सांद्रता है :
Show Hint
Redox titration में balanced equation का mole ratio बहुत महत्वपूर्ण होता है।
पद 1: प्रश्न को समझना
यह redox titration का प्रश्न है।
पद 2: मुख्य सूत्र या दृष्टिकोण
Reaction:
\[
2MnO_4^- + 5H_2C_2O_4 \rightarrow ...
\]
Mole ratio:
\[
MnO_4^- : H_2C_2O_4 = 2:5
\]
पद 3: विस्तृत व्याख्या
Oxalic acid moles:
\[
=0.25\times\frac{10}{1000}
\]
\[
=2.5\times10^{-3}
\]
Required \(KMnO_4\) moles:
\[
=\frac{2}{5}\times2.5\times10^{-3}
\]
\[
=1.0\times10^{-3}
\]
Volume:
\[
10mL=0.01L
\]
Concentration:
\[
M=\frac{n}{V}
\]
\[
=\frac{10^{-3}}{10^{-2}}
\]
\[
=0.10M
\]
पद 4: अंतिम उत्तर
अतः सही विकल्प (C) है।