शारंगधर रचनाकार हैं :
Step 1: कृति की पहचान.
'हमीर रसों' एक प्रसिद्ध प्राचीन ग्रंथ है, जिसके रचनाकार शारंगधर माने जाते हैं। यह रचना वीर रस प्रधान है।
Step 2: विकल्पों का विश्लेषण.
(A) परमाल रसों – इसका रचनाकार जड़्ा और आल्हा से जुड़ा हुआ है।
(B) हमीर रसों – सही उत्तर। शारंगधर की रचना है।
(C) खुमाण रसों – इसका रचनाकार दलपति विजय है।
(D) बीसलदेव रसों – इसका रचनाकार नरपति नाल्ह है।
Step 3: निष्कर्ष.
सही उत्तर है (B) हमीर रसों।
'रस मीमांसा' के लेखक हैं
'तितली' कृति की विधा है :
डॉ॰ राजेन्द्र प्रसाद लेखक हैं :
'साहित्य और कला' रचना है :
शुक्लोत्तर - युग के लेखक हैं :
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'तितली' कृति की विधा है :
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