अलार्म चरण में फ़ाइट–या–फ़्लाइट सक्रिय होता है और एड्रेनालिन/कॉर्टिसोल बढ़ते हैं। प्रतिरोध चरण में शरीर अनुकूल होकर प्रदर्शन बनाए रखता है, किंतु ऊर्जा–खपत होती रहती है। यदि तनाव बना रहे तो थकावट में प्रतिरक्षा घटती है, रोग–जोखिम और भाव–समस्याएँ बढ़ती हैं। मॉडल शारीरिक प्रतिक्रिया को समझाता है; आधुनिक दृष्टि में इसमें मानसिक एप्रीजल और coping भी जोड़े जाते हैं। समय पर विश्राम, नींद, व्यायाम और सामाजिक समर्थन संसाधन पुनर्भरण करते हैं तथा थकावट चरण से बचाते हैं।