नीचे दो कथन दिए गए हैं: कथन 1: भरत मुनि ने 'नाट्यशास्त्र' में कुल आठ रसों का वर्णन किया है। कथन II: रस के चार प्रमुख अवयव माने गए हैं- स्थायी भाव, विभाव, अनुभाव एवं व्यभिचारी अथवा संचारी भाव। उपर्युक्त कथन के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर का चयन कीजिए:
कथन I सत्य है: भरत मुनि ने 'नाट्यशास्त्र' में कुल आठ रसों का वर्णन किया है। ये रस हैं: श्रृंगार, हास्य, करुण, रौद्र, वीर, भयानक, बीभत्स, और अद्भुत। कथन II सत्य है: रस के चार प्रमुख अवयव होते हैं: स्थायी भाव (Permanent emotion) विभाव (Determinants) अनुभाव (Consequent emotion) व्यभिचारी भाव (Transitory emotions) इन अवयवों का उपयोग किसी भी रस को प्रकट करने के लिए किया जाता है।
निम्नलिखित पद्यांश के आधार पर दिए गए अगले छह प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
आराधन का दृढ़ आराधन से दो उत्तर,
तुम वरो विजय संयत प्राणों से प्राणों पर;
रावण अशुद्ध होकर भी यदि कर सका त्रस्त
तो निश्चय तुम हो सिद्ध करोगे उसे ध्वस्त;
शक्ति की करो मौलिक कल्पना, करो पूजन,
छोड़ दो समर जब तक न सिद्धि हो, रघुनंदन !
तब तक लक्ष्मण हैं महावाहिनी के नायक
मध्य भाग में, अंगद दक्षिण-श्वेत सहायक,
मैं भल्ल-सैन्य; हैं वाम पार्श्व में हनूमान,
नल, नील, और छोटे कपिगण उनके प्रधान;
सुग्रीव, विभीषण, अन्य यूथपति यथासमय
आयेंगे रक्षा हेतु जहाँ भी होगा भय ।
निम्नलिखित गद्यांश के आधार पर दिए गए अगले छह प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
दुनिया से अच्छा ग्रहण करने का अधिकार सभी देशों को है, भारत के ज्ञान-विज्ञान-चिंतन से बहुत-सी चीजें दुनिया ने ली हैं। दूसरी बात यह है कि संसार में जहाँ भी ज्ञान-विज्ञान-विचार जन्म लेते हैं उनमें अन्य देशों की भी ज्ञात-अज्ञात भूमिका होती है और यह आदान-प्रदान का सिलसिला न जाने कब से चल रहा है। आज भी पश्चिम में हो रहे नवीनतम अन्वेषणों में विभिन्न देशों की मेधा, प्रतिभा, श्रम, कौशल, धन, आदि लगे हैं। उदाहरण के लिए भारत की अनेक प्रतिभाएँ अर्से से अमेरिका और अन्य देशों में उच्चस्तरीय अन्वेषण और संगणक के क्षेत्र में सॉफ्टवेयर निर्माण में लगी हैं, क्या यह प्रकारांतर से भारतीय अवदान नहीं है? उन्नत देशों की वस्तुएँ ऊँचे मूल्य पर खरीद कर अनेक छोटे देश उच्चतर अनुसंधान में परोक्ष आर्थिक योगदान देते हैं। इसलिए किसी भी उपलब्धि को किसी भूगोल में सीमित नहीं किया जा सकता । यह दूसरी बात है कि हमें अपनी 'आत्मनिर्भरता' लगातार बढ़ानी होगी और अपनी प्रतिभाओं को निरंतर 'प्रोत्साहित' करना होगा। आयातित प्रदूषण से बचने और अपने सांस्कृतिक उन्नयन के लिए यह अनिवार्य है।
जिस शब्द से संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता का बोध हो, उसे ' 'कहते हैं।
जिस शब्द में किसी काम का करना अथवा होना पाया जाता है, उसे ' 'कहते हैं।
निम्नलिखित शब्दों में से 'आभ्यंतर' का विलोम बताइए :
नीचे दो कथन दिए गए हैं: कथन । जहाँ किसी शब्द का प्रयोग एक बार हो, किंतु अर्थ भिन्न-भिन्न होता हो वहाँ श्लेष अलंकार होता है। कथन II: जहाँ कोई शब्द एक से अधिक बार प्रयुक्त हो, किंतु उसका अर्थ अलग-अलग हो वहाँ श्लेष अलंकार होता है। उपर्युक्त कथन के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर का चयन कीजिए:
"लेवत मुख में घास मृग, मोर तजत नृत जात। आँसू गिरियत जर लता, परि-परि पात ।।" उक्त पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है?
इनमें से कौन शब्दालंकार नहीं है?
Select the statements that are CORRECT regarding patterns of biodiversity.
Which of the following hormone is not produced by placenta ?
List - I | List - II | ||
| A | Streptokinase | I | Blood-Cholestrol lowering agents |
| B | Cyclosporin | II | Clot Buster |
| C | Statins | III | Propionibacterium sharmanii |
| D | Swiss Cheese | IV | Immuno suppressive agent |
Which of the following option determines percolation and water holding capacity of soils ?