निम्नलिखित पद्यों पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
तरिणी-तनुजा तट तमाल तस्बर बहु धाये।
झुके कल सौ जल परस्मि हित मंहुं स्मुहाय।
किंचित् मन्मुखं लक्षणं उस्मिक, सब निज-निज सोभा।
कै प्रभाव जल जानि परम पावन फल लोभा।
मनु आत्मा बारं तीर के समिटे सब हाये रहता।
के हरि सेवा हित ने रहेनि बैन मन सुख रहता।
इस पद में किसका मनोहर चित्रण किया गया है?
यह पद जल की शुद्धता और उसके प्रभाव को दर्शाता है, जैसे नदी अपने आसपास के जीवन को शुद्ध करती है।
‘आचारण की सभ्यता’ निबंध के लेखक हैं:
‘हिन्दी नयी चाल में ढली’ यह कथन किस लेखक का है?
‘उसने कहा था’ कहानी के लेखक हैं:
‘पिंजरे की मैना’ निबंध संग्रह के लेखक हैं:
‘कलम का सिपाही’ के रचनाकार हैं:
आचार्य रामचंद्र शुक्ल ने हिंदी साहित्य का प्रथम मौलिक उपन्यास निम्न में से किसको माना है?
नाटक नहीं है
स्वामी दयानंद सरस्वती की रचना है
'हमेरे आंगन चहकने द्वार' के रचनाकार हैं
प्रो० जी० सुंदर रेड्डी द्वारा लिखित निबंध है