दिए गए पद्यांश पर आधारित निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
मैं नीर भरी दुःख की बदली।
स्पंदन में चिर निश्चय बसा,
क्रंदन में आहट विषम हँसी,
नयनों में दीपक से जलते
पलकों में निर्झरी मचली!
उपर्युक्त पद्यांश का शोधक एवं रचना का नाम लिखिए।
रेखांकित अंश की व्याख्या कीजिए।
'नयनों में दीपक से जलते' में कौन-सा अलंकार प्रस्तुत हुआ है?स्पष्ट कीजिए।
कवयित्री के निःसंग रहने का क्या कारण है?
उपर्युक्त पद्यांश में कवयित्री ने स्वयं को क्या बताया है?