Step 1: परिचय.
कीट द्वारा परागण (Entomophily) उस प्रक्रिया को कहते हैं जिसमें फूलों का पराग कीटों (जैसे मधुमक्खी, तितली, भृंग, मक्खी आदि) द्वारा स्त्रीकेसर तक पहुँचाया जाता है। यह परागण का सबसे सामान्य प्रकार है और पुष्पों में विशेष अनुकूलन पाए जाते हैं।
Step 2: पुष्पों की प्रमुख अनुकूलताएँ.
1. रंग और आकार: फूल प्रायः बड़े, रंगीन और आकर्षक होते हैं ताकि कीट आसानी से आकर्षित हों।
2. सुगंध: कई फूल सुगंध छोड़ते हैं जो परागण करने वाले कीटों को आकर्षित करती है।
3. मधु (Nectar): फूलों में मधुरस (nectar) उत्पन्न होता है, जो कीटों का मुख्य आहार है।
4. परागकण की विशेषता: परागकण चिपचिपे या काँटेदार होते हैं ताकि कीट के शरीर से चिपककर दूसरे फूल तक पहुँच सकें।
5. समयबद्धता: फूल अक्सर दिन में खुलते हैं जब कीट सक्रिय रहते हैं।
Step 3: उदाहरण.
- सूरजमुखी (Helianthus)
- गुलाब (Rosa)
- आम (Mangifera indica)
- सरसों (Brassica)
Step 4: निष्कर्ष.
कीट परागण पौधों और कीटों के बीच सहजीवी संबंध (mutualism) का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। पौधों को परागण और प्रजनन का लाभ मिलता है जबकि कीटों को मधु और परागकण भोजन के रूप में प्राप्त होते हैं।