चरण 1: मनोवैज्ञानिक की पहचान।
वॉल्टर कैनन (फ़िलिप बार्ड के साथ) ने Cannon–Bard संवेग सिद्धान्त दिया—अनुभूति और शारीरिक उद्दीपन एक साथ घटित होते हैं।
चरण 2: विकल्पों से जोड़ें।
इसलिए कैनन का कार्य संवेग के क्षेत्र से है, न कि शुद्ध अभिप्रेरणा/प्रतिवल से।
निष्कर्ष: सही उत्तर संवेग।