Step 1: Understanding the Concept:
इस प्रश्न में सूची-I में दिए गए समस्तपदों को सूची-II में दिए गए उनके सही समास के प्रकार से मिलाना है।
Step 2: Detailed Explanation:
आइए प्रत्येक समस्तपद और उसके समास का विश्लेषण करें:
(A) दम्पती: इसका विग्रह 'जाया च पतिश्च' (पत्नी और पति) होता है। जहाँ 'च' (और) का लोप होता है, वहाँ द्वन्द्व समास होता है। अतः, (A) का मिलान (II) से होगा।
(B) शोकपतितः: इसका विग्रह 'शोकेन पतितः' (शोक से गिरा हुआ) होता है। यहाँ तृतीया विभक्ति का लोप हुआ है, इसलिए यह तृतीया तत्पुरुष समास है। अतः, (B) का मिलान (III) से होगा।
(C) उपराजम्: इसका विग्रह 'राज्ञः समीपम्' (राजा के पास) होता है। जहाँ पहला पद 'उप' जैसा उपसर्ग/अव्यय हो, वहाँ अव्ययीभाव समास होता है। अतः, (C) का मिलान (IV) से होगा।
(D) चन्द्रशेखरः: इसका विग्रह 'चन्द्रः शेखरे यस्य सः' (चंद्रमा है शिखर पर जिसके, वह अर्थात् शिव) होता है। जहाँ दोनों पद मिलकर किसी अन्य (तीसरे) पद का अर्थ बताते हैं, वहाँ बहुव्रीहि समास होता है। अतः, (D) का मिलान (I) से होगा।
इस प्रकार, सही मिलान है: A-II, B-III, C-IV, D-I।
Step 3: Final Answer:
सही मिलान वाला विकल्प (2) है: (A) - (II), (B) - (III), (C) - (IV), (D) - (I).